केराकत,जौनपुर । स्थानीय थानागद्दी क्षेत्र में स्थित धर्मशाला में अंतर्राष्ट्रीय बालिका दिवस के अवसर पर जस्ट राइट फार चिलड्रेन के सहयोग व आस्था महिला एवं बाल विकास संस्था द्वारा संचालित "मेरी मुस्कान" प्रोजेक्ट के अंतर्गत जागरूकता कार्यक्रम आयोजित की गई।कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बालिकाओं को शिक्षा,स्वास्थ्य,लैंगिक समानता एवं उनके अधिकारों के प्रति जागरूक करना तथा बाल विवाह जैसी सामाजिक कुरीति को समाप्त करने के लिए समुदाय को प्रेरित करना था।इस दौरान ग्राम पंचायत सोहनी, बराई, नाउपूर समेत करीब दस ग्रामसभाओं की कुल 300 किशोरियों ने भाग लेकर अपनी बात रखी।
कार्यक्रम में बतौर मुख्य अतिथि पहुंची जिलामंत्री मछलीशहर महिला मोर्चा जूही सिंह ने लैंगिक समानता और किशोरी सशक्तीकरण के महत्व पर चर्चा करते हुए कहा कि किशोरियों को अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहने,अपनी बात आत्मविश्वास के साथ रखने, शिक्षा से जुड़े रहने तथा किसी भी प्रकार के भेदभाव और हिंसा के विरुद्ध आवाज उठाने की बात को कही।साथ ही उन्होंने कहा कि एक सशक्त और समान समाज के निर्माण के लिए बालिकाओं को सुरक्षित वातावरण उपलब्ध कराना तथा उनके निर्णयों का सम्मान करना आवश्यक है।वही शिक्षा विभाग से लइक अहमद ने कहा कि बालिकाओं को भी लड़कों के समान शिक्षा, स्वास्थ्य, सम्मान और आगे बढ़ने के अवसर प्राप्त होने चाहिए।
संस्था के निदेशक संतोष कुमार पांडेय ने बाल विवाह की रोकथाम पर विशेष जोर देते हुए किशोरियों को बताया कि कम उम्र में विवाह होने से उनकी शिक्षा,स्वास्थ्य, शारीरिक एवं मानसिक विकास तथा भविष्य की संभावनाओं पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता है। बाल विवाह बालिकाओं के अधिकारों और उनके उज्ज्वल भविष्य में बाधा बन सकता है। इसलिए परिवार, समुदाय और समाज के सभी लोगों की जिम्मेदारी है कि वे बाल विवाह को रोकने में सक्रिय भूमिका निभाएं और प्रत्येक बालिका को अपनी शिक्षा पूरी करने तथा अपने सपनों को साकार करने का अवसर दें।इस अवसर पर मेरी मुस्कान प्रोजेक्ट की मैनेजर वंदना,सविता,शीला,रीना, रमेश पांडे,अंकित,दीप नारायण समेत भारी तादात में किशोरी व महिलाएं मौजूद रही।
